Love qoutes
*अधूरी प्रेम*
मेरी अधूरी प्रेम की, तुम संपूर्ण कहानी हो
मै तुझमें हूं-या-नहीं, मुझमें तो तुम-ही-तुम हो।
श्रीमती मुक्ता सिंह
रंका राज
29/5/2020
*दिल में प्यार*
हो अगर दिल में प्यार
तो चांद भी धरती पर उतर आता है
आसमान में दिखता हो अधूरा
पर विश्वास हो तो हाथों में पूरा उतर आता है।
श्रीमती मुक्ता सिंह
रंका राज
29/5/2020
*किनारा कर लिया*
कहते थे तेरे इश्क में,चांद-तारे तोड़ लाऊंगा
तेरी मुहब्बत ही मुकम्मल जहां है मेरा
आज किसी ने चेहरा क्या जलाया मेरा
कि तूने नज़रें यूं फेर ली मेरे वजूद से
कि परछाइयों से भी किनारा कर लिया।
श्रीमती मुक्ता सिंह
रंका राज
29/5/2020
मैंने कहा
क्या तुम भी प्यार करते हो मुझसे
पर तुम थे किसी और के ख्यालों में गुम
और जो मैंने कहा
तुमने सुना नहीं
श्रीमती मुक्ता सिंह
रंका राज
29/5/2020
मेरी अधूरी प्रेम की, तुम संपूर्ण कहानी हो
मै तुझमें हूं-या-नहीं, मुझमें तो तुम-ही-तुम हो।
श्रीमती मुक्ता सिंह
रंका राज
29/5/2020
*दिल में प्यार*
हो अगर दिल में प्यार
तो चांद भी धरती पर उतर आता है
आसमान में दिखता हो अधूरा
पर विश्वास हो तो हाथों में पूरा उतर आता है।
श्रीमती मुक्ता सिंह
रंका राज
29/5/2020
*किनारा कर लिया*
कहते थे तेरे इश्क में,चांद-तारे तोड़ लाऊंगा
तेरी मुहब्बत ही मुकम्मल जहां है मेरा
आज किसी ने चेहरा क्या जलाया मेरा
कि तूने नज़रें यूं फेर ली मेरे वजूद से
कि परछाइयों से भी किनारा कर लिया।
श्रीमती मुक्ता सिंह
रंका राज
29/5/2020
मैंने कहा
क्या तुम भी प्यार करते हो मुझसे
पर तुम थे किसी और के ख्यालों में गुम
और जो मैंने कहा
तुमने सुना नहीं
श्रीमती मुक्ता सिंह
रंका राज
29/5/2020




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